देश भर में कोरोना के बढ़ते मामलों ने केंद्र और राज्य सरकार सभी को चिंता में डाल रखा है। सभी राज्य अपने स्तर पर महामारी को रोकने के लिए उचित कदम उठा रहे हैं ।बीते रविवार को हुई बैठक में प्रधानमंत्री मोदी ने सभी राज्यों के बढ़ते मामलों के प्रति व्यापक और सख्त कदम उठाने का आश्वासन दिया। प्रधानमंत्री ने कहा बढ़ते मामले कहीं न कहीं लापरवाही बरतने का नतीजा है, साथ ही कोरोना संबंधी निर्देशों का जमीनी स्तर पर सही तरह से पालन नहीं किया जा रहा है। इससे स्थिति और भी गंभीर हो सकती है।


इसी बीच स्वास्थ्य मंत्रालय ने 5 अप्रैल के दिन जानकारी दी कि पूरे देश भर में अब तक आठ करोड़ लोगों से ज्यादा को कोरोना की वैक्सीन लगाई जा चुकी है। वहीं दूसरी तरफ वैक्सीनेशन के काम को और भी तेजी से करने के लिए प्रधानमंत्री ने 4 अप्रैल को अधिकारियों के साथ एक अहम बैठक रखी थी। बिगड़ते हालात को देखते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने 8 अप्रैल को वैक्सीनेशन के मुद्दे पर मुख्यमंत्रियों के साथ बैठक करने का फैसला लिया है। 

पूरे भारत में मात्र 25 दिनों के अंदर कोरोना से संक्रमित लोगों के आंकड़े 20,000 से बढ़कर एक लाख की संख्या पार कर चुके हैं। आंध्र प्रदेश में पिछले 24 घंटों की बात करें तो कुल 1326 नए कोरोना संक्रमित सामने आए हैं और 911 लोग ठीक होकर अपने घर वापस गए। वहीं 5 लोगों की मौत की भी खबर है । वहीं दूसरी ओर ओडिशा में कोरोना संक्रमण के कुल मामले बढ़कर 5 अप्रैल तक 3,43,268 तक पहुंच गए है। इसी होड़ में महाराष्ट्र सबसे अधिक प्रभावित राज्य है, जहां सोमवार के दिन 57,074 नए कोरोना संक्रमित मामले देखने को मिले जो कि देश भर में आए नए मामलों का 55.11% है।