कोरोना संक्रमण के उछाल ने पूरे देश को संकट में डाल रखा है। इस भयावह स्थिति को देखते हुए झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने 19 अप्रैल को राज्य में 22  से 29 अप्रैल तक का संपूर्ण लॉकडाउन करने का ऐलान किया। यह लॉकडाउन 22 अप्रैल की सुबह 6 बजे से 29 अप्रैल की सुबह 6 बजे तक रहेगा। इस पूरे सप्ताह में केवल जरूरी सेवाओं को ही जारी रखा जाएगा। 

झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने यह फैसला राज्य में कोरोना से बिगड़ती स्थितियों को देखते हुए लिया। इस लॉकडाउन को झारखंड सरकार ने स्वास्थ्य सुरक्षा सप्ताह का नाम दिया गया है। 


इस लॉकडाउन के दौरान धार्मिक स्थल खुले रहेंगे किंतु श्रद्धालुओं पर प्रतिबंध लगाया गया है। इस बीच केवल भारत सरकार और राज्य सरकारों के महत्वपूर्ण कार्यालयों को छोड़कर बाकी सभी कार्यालय बंद रहेंगे। राज्य में खनन कार्य जारी रहेगा। वहीं दूसरी तरफ पूरे राज्य में धारा 144 लागू किया गया है। राशन, दवाइयों और जरूरी दुकानें खुली रहेंगी किंतु लोगों को बेवजह घर से बाहर निकलने से मनाही रहेगी। ऐसी स्थिति में ठोस वजह बताकर पुलिस की करवाई से बचा जा सकता है।


गौरतलब है कि ऐसी स्थिति में राज्य में दूसरे राज्य से बसों की आवाजाही पर किसी तरह की रोक नहीं लगाई गई है। लॉकडाउन के ऐलान से पहले मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने उच्च स्तरीय बैठक की और उसके पश्चात एक वीडियो जारी कर लॉकडाउन की सारी जानकारी दी।