कोरोना से सबसे प्रभावित राज्य महाराष्ट्र से देर रात आग लगने की घटना सामने आई है। महाराष्ट्र में ठाणे के मुंब्रा इलाके में प्राइम क्रिटी अस्पताल में रात 3 बजकर 40 मिनट पर आग लगी, जिसके बाद 4 मरीजों की मौत हो गई। अस्पताल के आईसीयू में आग लगने से पहले 20 मरीजों का इलाज चल रहा था और वहाँ कोरोना का एक भी मरीज ऐडमिट नहीं था।

आग लगने के बाद मरीजों को नजदीकी अस्पतालों में शिफ्ट किया गया जिनमें से चार की मौत हो गई। वहीं इस घटना की वजह शार्ट सर्किट को बताया जा रहा है। हालांकि अभी तक इसकी पुष्टि नहीं हुई है। हादसे के दौरान दो दमकल गाड़ी और रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंची जिसके बाद आग पर काबू पाया गाया। रात के समय विधायक और मंत्री जितेंद्र ने घटना स्थल का दौरा किया जिसके बाद उन्होंने उद्धव सरकार की तरफ से जानकारी दी, मृतकों के परिजनों को 5 लाख देने को कहा और घायलों को एक लाख रुपए देने को कहा है। साथ ही सरकार ने घटना की जाँच के आदेश भी दिए गए हैं।

इससे पहले भी 23 अप्रैल को महाराष्ट्र के विरार स्थित विजय वल्लभ कोविड अस्पताल के आईसीयू में आग लगने से 14 मरीजों की मौत हुई थी, उसकी वजह भी शार्ट सर्किट बताई गई थी। जहाँ एक तरफ लोग कोरोना के बढ़ते मामलों के पीछे सरकार द्वारा की गई व्यवस्थओं पर सवाल उठा रहे हैं। वहीं प्रश्र यहा भी किया जा सकता, आखिर अस्पताल प्रशासन ऐसी घटनाओं के पीछे की वजह क्यू नहीं बता पा रहे हैं, जहां हर कुछ दिनों में बार बार एक जैसे हादसे सामने आ रहे हैं और एक साथ इतने सारे लोगों को जान गंवानी पड़ रही है।