2014 के बाद से ही चुनावी पार्टियां सोशल मीडिया पर प्रचार- प्रसार में अपनी पूरी ताकत झोंक देती हैं। एक रिपोर्ट के अनुसार सोशल मीडिया पर इस चुनावी प्रचार की दौड़ में बंगाल सबसे आगे है।  बंगाल विधानसभा चुनाव में टीएमसी पार्टी ने अपनी विपक्षी पार्टी बीजेपी से लगभग 6 गुना ज्यादा पैसे खर्च किए हैं l

आंकड़ों के मुताबिक पिछले तीन महीनों में बंगाल के राजनीतिक दलों ने चुनावी प्रचार में लगभग 3.74 करोड़ से भी अधिक रुपए खर्च किए हैं। यह बाकी राज्यों के मुताबिक सबसे अधिक है। वहीं दूसरी तरफ इस दौड़ में तमिलनाडु दूसरे पायदान पर है। तमिलनाडु में 3.3 करोड़ रुपए सोशल मीडिया पर राजनीतिक प्रचार में खर्च किए गए हैं। इसी बीच केरल में 38.86 लाख रुपये, असम में 61.77 लाख रुपये और पुडुचेरी में 3.34 लाख रुपये खर्च किए गए।

2021 के चुनाव में बंगाल कांग्रेस ने तीसरी बार सत्ता में आने के लिए अपनी पूरी जान लगा दी है। टीएमसी ने अपने डिजिटल चुनावी प्रचार में सबसे अधिक 1.69 करोड़ रुपये खर्च किए है। टीएमसी के डिजिटल राजनीतिक प्रचार की जिम्मेदारी इंडियन पॉलिटिकल एक्शन कमेटी ने उठा रखी है। फेसबुक के विज्ञापनों में बीजेपी ने लगभग 25.31 लाख रुपये खर्च किए तो वही बंगाल कांग्रेस ने लगभग 5 लाख रुपए खर्च किए है। गौरतलब है कि इस क्रम में बाकी पार्टियों का खर्चा फेसबुक प्रचार में न के बराबर है। यह प्रचार फेसबुक पर चुनावी मुद्दों को लेकर किया गया है। इस बार की विधानसभा चुनाव में बंगाल में 8 चरणों में मतदान जो रहे हैं,जिसका पहला चरण 27 मार्च से शुरू है।