26 मार्च 2021 को किसान आंदोलन के चार महीने पूरे होने पर किसानों ने भारत बंद करने का ऐलान किया है। इस योजना को सफल बनाने के लिए बीते बुधवार को सिंघु बॉर्डर पर अलग अलग संगठनों ने बैठक की। इस दौरान बंद के सभी पहलुओं पर विचार- विमर्श किया गया। बंद में 12 घंटों के लिए सभी दुकानें व व्यापारिक प्रतिष्ठान बंद करने का निर्णय लिया गया।    

इस बार के भारत बंद का मजदूरों एवं परिवहन संघों, महिलाओ व छात्र संघों द्वारा भी समर्थन किया गया है। किसानों द्वारा होलिका दहन के मौके पर कृषि कानूनों की प्रतियां जलाने की बात भी कही गई है। बंद के दौरान सभी दुकानें, डेयरी तथा अन्य चीजें बंद रहेंगी। पिछले करीब 115 दिनों से चल रहे इस आंदोलन में सरकार और किसानों के बीच करीब 10 दौरों की बातचीत हुई है,  जिनके परिणाम बेनातीजा रहे हैं। 

गौरतलब है कि किसान आंदोलन लंबे समय से चल रहा है। इतने दिनों तक चलने वाले आंदोलन से  ऐसे में आंदोलन का सुचारु रूप से चलना इस आंदोलन की सबसे बड़ी सफलता है।