पश्चिम बंगाल की हॉट सीट पर चुनाव लड़ रही ममता बनर्जी और बीजेपी के नेता शुभेंदु के बीच टक्कर का मुकाबला हुआ। 1200 वोटों से ममता की जीत के ऐलान के बाद अचानक से दिलचस्प नजारा देखने को मिला। आखिर में लगभग 1900 वोटों से शुभेंदु ने जीत हासिल की।अधिकारी ने ममता को हरा कर जीत की हैट्रिक मारी और विपक्षी पार्टी को धूल चटा दी। 2 मई की सुबह से सबकी नजरें नंदीग्राम की सीट पर ही टिकी हुई थी।


नंदीग्राम का विधानसभा चुनाव की जंग काफ़ी रोमांचक रही और दोनों ही पार्टियों के बीच टक्कर का मुकाबला हुआ। वर्ष 2016 में भी नंदीग्राम में टीएमसी ने जीत हासिल की थी। इस बार के चुनाव में पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के विपक्ष में उन्हीं के पार्टी के पूर्व नेता सुभेंदु थे। जिन्होंने 2016 के विधानसभा चुनाव में टीएमसी की तरफ से ही इस सीट पर जीत हासिल की थी और 2021 के विधानसभा चुनाव में टीएमसी का दामन छोड़ बीजेपी के पक्ष में चले गए थे। 2016 में टीएमसी के सुभेंदू ने भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के अब्दुल कबीर सेख को 81,230 के मार्जिन से हराया था। आखिर में कड़े मुकाबले के बाद शुभेंदु ने 1900 वोटों की जीत के साथ अपनी सीट बचा ली और ममता को हार का मुंह देखना पड़ा। 


2021 के विधानसभा चुनाव की जंग में नंदीग्राम की सीट पर कुल 8 उम्मीदवार खड़े थे। जिसमें मुख्यमंत्री ममता बनर्जी, बीजेपी के नेता सुभेंदु, सीपीआईएम की मीनाक्षी मुखर्जी, कम्युनिस्ट पार्टी के मनोज कुमार दास और निर्दलीय उम्मीदवारों में स्वपन पुरुआ, सुब्रत बोस, दीपक कुमार गायेन, एसके सद्दाम हुसैन शामिल थे।